संथाल हूल एक्सप्रेस डेस्क
कोलकाता में SIR प्रक्रिया के दौरान बड़ा विवाद खड़ा हो गया, जब BLOs और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प हो गई। BLOs अधिकार रक्षा समिति के सदस्य लगातार काम के बढ़ते बोझ को लेकर सीईओ कार्यालय के बाहर धरना दे रहे थे। उनका आरोप था कि SIR के दौरान उनसे अत्यधिक मजदूरी कराई जा रही है और कई जगह असुरक्षित माहौल में काम करवाया जा रहा है।
धरने की इसी स्थिति के बीच देर रात करीब 50 भाजपा कार्यकर्ता मौके पर पहुँचे और कथित रूप से SIR रोकने की कोशिश करने लगे। BLOs की ओर से आरोप लगाया गया कि उन्हें डराने-धमकाने और हाथापाई करने तक की नौबत आ गई। घटना के बाद तनाव और बढ़ गया तथा पुलिस को बीच-बचाव करना पड़ा।
BLOs का यह भी कहना है कि कई भाजपा कार्यकर्ता वास्तविक मतदाताओं के नाम हटाने के लिए चुनाव आयोग के अधिकारियों पर दबाव बना रहे हैं। उनका आरोप है कि यह पूरा घटनाक्रम निर्वाचन प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश का हिस्सा है।
कोलकाता के कई इलाकों में SIR को लेकर लगातार विवाद की स्थिति बनी हुई है, और सुरक्षा एजेंसियाँ सतर्क हैं।









