भारत में क्रिप्टो निवेश का रुझान बदला, छोटे शहरों से आ रहा 43.4% निवेश, यूपी अव्वल

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डिजिटल डेस्क

नई दिल्ली। भारत में क्रिप्टोकरेंसी निवेश को लेकर बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। अब यह निवेश केवल महानगरों तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि देश के छोटे और मझोले शहर भी इसमें तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। हालिया रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2025 में भारत के कुल क्रिप्टो निवेश का 43.4 प्रतिशत हिस्सा टियर-3 और टियर-4 शहरों से आया है, जो डिजिटल वित्तीय समावेशन की बढ़ती पहुंच को दर्शाता है।

रिपोर्ट के मुताबिक, देश के करीब 75 प्रतिशत क्रिप्टो निवेशक टियर-2, टियर-3 और टियर-4 शहरों से हैं। टियर-2 शहरों की हिस्सेदारी 32.2 प्रतिशत दर्ज की गई है, जबकि टियर-1 महानगरों का योगदान 25 प्रतिशत रहा। यह आंकड़े स्पष्ट करते हैं कि अब छोटे शहरों के युवा, कारोबारी और नौकरीपेशा वर्ग भी डिजिटल एसेट्स में निवेश को लेकर जागरूक हो रहे हैं।

यूपी बना क्रिप्टो निवेश का केंद्र

राज्यवार आंकड़ों की बात करें तो उत्तर प्रदेश क्रिप्टो निवेश के मामले में सबसे आगे निकलकर सामने आया है। देश में कुल क्रिप्टो निवेशित वैल्यू का 13 प्रतिशत हिस्सा यूपी से आया है। इसके बाद महाराष्ट्र 12.1 प्रतिशत के साथ दूसरे स्थान पर, कर्नाटक 7.9 प्रतिशत के साथ तीसरे स्थान पर और दिल्ली 7.4 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ चौथे स्थान पर रही।

डिजिटल साक्षरता और आसान प्लेटफॉर्म बने वजह

विशेषज्ञों का मानना है कि छोटे शहरों में क्रिप्टो निवेश बढ़ने के पीछे कई कारण हैं। स्मार्टफोन और सस्ते इंटरनेट की उपलब्धता, आसान और स्थानीय भाषा में उपलब्ध क्रिप्टो प्लेटफॉर्म, साथ ही युवाओं में वैकल्पिक निवेश विकल्पों के प्रति बढ़ती रुचि ने इस रुझान को मजबूत किया है। इसके अलावा, पारंपरिक निवेश साधनों की तुलना में बेहतर रिटर्न की उम्मीद भी निवेशकों को आकर्षित कर रही है।

जोखिम के प्रति जागरूकता जरूरी

हालांकि, जानकारों का कहना है कि क्रिप्टो निवेश में उतार-चढ़ाव और जोखिम भी जुड़े हुए हैं। ऐसे में नए निवेशकों को पूरी जानकारी और सतर्कता के साथ निवेश करने की सलाह दी जा रही है। सरकार और नियामक संस्थाओं द्वारा क्रिप्टो को लेकर नीति स्पष्ट होने के बाद इसमें और पारदर्शिता आने की उम्मीद जताई जा रही है।

कुल मिलाकर, यह आंकड़े इस बात का संकेत हैं कि भारत में डिजिटल अर्थव्यवस्था का विस्तार अब छोटे शहरों तक पहुंच चुका है, और आने वाले समय में क्रिप्टो निवेश का यह दायरा और भी व्यापक हो सकता है।

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