संथाल हूल एक्सप्रेस डेस्क।
3 दिसंबर का दिन इतिहास में कई अहम घटनाओं का साक्षी रहा है। भारत और विश्व से जुड़ी कई ऐतिहासिक घटनाएँ इस तारीख को हुईं, जिनका प्रभाव आज भी महसूस किया जाता है। वर्ष 1884 में इसी दिन भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद का जन्म हुआ था। बिहार के जीरादेई में जन्मे डॉ. प्रसाद भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के प्रमुख नेताओं में रहे और संविधान निर्माण में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
1971 में इसी दिन पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ युद्ध छेड़ दिया था, जिसके बाद 1971 का भारत-पाक युद्ध शुरू हुआ। यह युद्ध अंततः बांग्लादेश के गठन का कारण बना और दक्षिण एशिया की राजनीति को नई दिशा मिली।
वर्ष 1979 में भारतीय हॉकी के महान खिलाड़ी ध्यानचंद का निधन भी 3 दिसंबर को ही हुआ। ‘हॉकी के जादूगर’ के नाम से मशहूर ध्यानचंद ने अपने खेल से भारत को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई और तीन ओलंपिक स्वर्ण पदक जीतने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
2011 में सिनेमा जगत ने सदाबहार हीरो देवानंद को खो दिया। देवानंद अपनी अनूठी शैली, रोमांटिक अदाकारी और लंबे फिल्मी करियर के कारण भारतीय सिनेमा के दिग्गज कलाकारों में गिने जाते हैं।
दुनिया के इतिहास में 2012 का 3 दिसंबर भी बेहद दुखद रहा, जब फिलीपींस में आए भीषण ‘भूफा’ तूफान ने कम से कम 475 लोगों की जान ले ली। यह तूफान देश की सबसे बड़ी प्राकृतिक आपदाओं में शामिल है।
इस प्रकार 3 दिसंबर का दिन भारतीय इतिहास और विश्व घटनाओं दोनों में महत्वपूर्ण स्थान रखता है।









