नशा मुक्ति पर करोड़ों खर्च, शराब नीति पर सवाल : आजसू जिलाध्यक्ष आलमगीर
पाकुड़, (संथाल हूल एक्सप्रेस)।
झारखंड सरकार की शराब नीति को लेकर आजसू पार्टी ने तीखा हमला बोला है। आजसू जिलाध्यक्ष आलमगीर आलम ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि एक ओर राज्य सरकार नशा मुक्ति अभियान पर करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, वहीं दूसरी ओर पंचायत स्तर पर शराब दुकान खोलने की योजना बनाकर जन विरोधी नीति अपना रही है।
उन्होंने कहा कि सरकार की नई शराब नीति के तहत अब गांवों में भी दुकानें खुलेंगी और रात 11 बजे तक बिक्री की अनुमति होगी। साथ ही दुकानों में शराब पीने की भी सुविधा होगी, जो नशे को बढ़ावा देने जैसा है।
आलम ने सवाल उठाया कि जब सरकार नशा के खिलाफ जागरूकता अभियान चला रही है, तो फिर शराब की बिक्री बढ़ाने की तैयारी क्यों की जा रही है? उन्होंने कहा कि “यह दोहरी नीति समझ से परे है। सरकार एक तरफ तंबाकू और धूम्रपान पर रोक लगाने की बात करती है, दूसरी ओर शराब को बढ़ावा दे रही है।”
उन्होंने मांग की कि सरकार शराब पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाए और नशा मुक्ति अभियान को केवल दिखावा नहीं, बल्कि ठोस नतीजे देने वाला बनाए। साथ ही यह भी आरोप लगाया कि जागरूकता अभियान के नाम पर करोड़ों रुपये की लूट हो रही है।









