संथाल हूल एक्सप्रेस
उत्तर प्रदेश के जौनपुर स्थित एक वृद्धाश्रम में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। 68 वर्षीय बुज़ुर्ग महिला के निधन के बाद जब वृद्धाश्रम ने उसके बेटे को फोन कर सूचना दी, तो उसने संवेदनहीन जवाब देते हुए कहा—
“घर में शादी है, लाश को फ्रीज़र में रख दो, आकर दाह संस्कार कर दूँगा।”
यह सुनकर महिला के पति भुआल गुप्ता (68) का दिल टूट गया। वे पत्नी का शव लेकर गोरखपुर पहुंचे और उनकी अंतिम इच्छा के अनुसार नदी किनारे दफना दिया। बाद में पता चला कि तीनों बेटों ने कहा था कि वे दाह संस्कार करेंगे, लेकिन पिता ने पीड़ा में कहा—
“चार दिन में तो कीड़े पड़ गए होंगे…”
यह घटना बुज़ुर्गों के प्रति बढ़ती उपेक्षा और समाज में संवेदनहीनता की चुभती हुई वास्तविकता को उजागर करती है।









