संथाल हूल एक्सप्रेस डेस्क
भारत और अमेरिका के बीच लंबे समय से लंबित व्यापार समझौते को लेकर सकारात्मक संकेत मिले हैं। वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने जानकारी दी कि द्विपक्षीय ट्रेड डील लगभग अंतिम चरण में पहुंच चुकी है, हालांकि इसके औपचारिक रूप से कब पूरा होने की कोई निश्चित समय-सीमा अभी तय नहीं है।
दोनों देशों के बीच प्रस्तावित समझौते में कई चरणों में वार्ता हो रही है। पहले चरण में पारस्परिक शुल्कों (टैरिफ) से जुड़े मुद्दों पर मुख्य ध्यान दिया जाएगा। भारत और अमेरिका के अधिकारियों के बीच अब तक छह दौर की विस्तृत वार्ताएं हो चुकी हैं, जिनमें कई जटिल मसलों पर प्रगति दर्ज की गई है।
अंतिम दौर की बैठक 15–17 अक्टूबर को वाशिंगटन में आयोजित की गई, जिसमें व्यापार विवादों के समाधान, निर्यात बढ़ाने और शुल्क संरचना को सरल बनाने पर चर्चा हुई। विशेषज्ञों के अनुसार, यदि समझौता जल्द अंतिम रूप ले लेता है तो दोनों देशों के व्यापारिक संबंधों को नई दिशा मिल सकती है और निवेश के नए अवसर खुल सकते हैं।
सरकार की ओर से उम्मीद जताई गई है कि आने वाले महीनों में इस महत्वपूर्ण द्विपक्षीय व्यापार डील पर सकारात्मक निर्णय सामने आ सकता है।









