झारखंड प्रशासनिक सेवासंघ ने उठाए वेतन विसंगति के सवाल, संयुक्त और अपर सचिव को मिल रहा है एक जैसा वेतन

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

रांची । झारखंड प्रशासनिक सेवा संघ ने एक बार फिर राज्य सरकार पर वेतन विसंगति दूर न करने का आरोप लगाया है। संघ के अधिकारियों ने शुक्रवार को मुख्य सचिव अलका तिवारी से मुलाकात कर इस मुद्दे को उठाया, लेकिन मुख्य सचिव ने कहा कि अब उनका केवल एक कार्यदिवस शेष है और नए मुख्य सचिव के कार्यभार संभालने के बाद यह मामला उनके सामने रखा जाए।

संघ का मुख्य तर्क है कि संयुक्त सचिव से अपर सचिव के पद पर पदोन्नति मिलने के बावजूद अधिकारियों के वेतनमान में कोई बढ़ोतरी नहीं होती। दोनों पदों के लिए वर्तमान में पे लेवल 13 और ग्रेड पे 8700 ही निर्धारित है। संघ के अनुसार, यह विसंगति अधिकारियों के मनोबल को प्रभावित कर रही है।

मामला वर्तमान में वित्त विभाग में अटका हुआ है। सूत्रों के अनुसार, यह मुद्दा प्रोन्नति पदानुक्रम और आईएएस अधिकारियों के साथ वेतन समानता से जुड़ा है। झारखंड प्रशासनिक सेवा संघ का कहना है कि उनके अधिकारियों को उच्च पदों तक पहुंचने में 25-30 वर्ष लगते हैं, ऐसे में वेतन संरचना में यह विसंगति उचित नहीं है।

Bishwjit Tiwari
Author: Bishwjit Tiwari

Leave a Comment

और पढ़ें