रांची। झारखंड से राज्यसभा की एक सीट के लिए हुए चुनाव में एनडीए समर्थित प्रत्याशी पारिमल नाथवानी ने शानदार जीत दर्ज करते हुए चौथी बार संसद के उच्च सदन में अपनी जगह सुनिश्चित कर ली है। इस जीत के साथ नाथवानी एक बार फिर झारखंड की राजनीति और राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा के केंद्र में आ गए हैं।
चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद राजनीतिक गलियारों में जहां एनडीए खेमे में उत्साह का माहौल है, वहीं महागठबंधन के लिए यह परिणाम किसी झटके से कम नहीं माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि नाथवानी को 28 मत प्राप्त हुए, जबकि कांग्रेस समर्थित उम्मीदवार को 20 मतों पर संतोष करना पड़ा।
विजय के बाद पारिमल नाथवानी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर झारखंड की जनता, विधानसभा सदस्यों तथा एनडीए नेतृत्व के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि झारखंड की मिट्टी से उनका विशेष जुड़ाव रहा है और राज्य के विकास, रोजगार, उद्योग तथा जनहित के मुद्दों को वे पहले की तरह मजबूती से संसद में उठाते रहेंगे।
पारिमल नाथवानी की संसदीय यात्रा वर्ष 2008 में झारखंड से ही शुरू हुई थी। इसके बाद वे लगातार राज्यसभा में झारखंड का प्रतिनिधित्व करते रहे। उद्योग जगत में अपनी पहचान रखने वाले नाथवानी वर्तमान में रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड में कॉर्पोरेट अफेयर्स से जुड़े महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन कर रहे हैं।

जीत के बाद भाजपा सांसद निशिकांत दुबे सहित एनडीए के कई नेताओं ने उन्हें बधाई दी। वहीं पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन ने भी शुभकामनाएं देते हुए उम्मीद जताई कि नाथवानी झारखंड के हितों और आम लोगों की आकांक्षाओं को संसद में प्रभावी ढंग से उठाएंगे।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह जीत केवल एक राज्यसभा सीट तक सीमित नहीं है, बल्कि झारखंड की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों का भी संकेत है। विधानसभा के मौजूदा समीकरणों के बीच नाथवानी की जीत ने एनडीए की रणनीतिक बढ़त को भी रेखांकित किया है।
अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि चौथी बार राज्यसभा पहुंचे पारिमल नाथवानी झारखंड के विकास, निवेश और रोजगार के मुद्दों को राष्ट्रीय मंच पर किस तरह आगे बढ़ाते हैं।


