संथाल हूल एक्सप्रेस डेस्क
दिग्गज अभिनेता Mithun Chakraborty के बेटे Namashi Chakraborty ने हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में अपने संघर्ष और बॉलीवुड से दूरी को लेकर बड़ा खुलासा किया है। नमाशी ने कहा कि स्टारकिड होने के बावजूद उन्हें इंडस्ट्री में कभी विशेष पहचान या सुविधा नहीं मिली।
नमाशी चक्रवर्ती ने बताया कि वर्ष 1994 से उनका परिवार ऊटी और कोयंबटूर में रहने लगा था, जिसके कारण वे फिल्म इंडस्ट्री और मीडिया की चकाचौंध से पूरी तरह दूर हो गए। उन्होंने कहा, “मैं बॉलीवुड का होकर भी बॉलीवुड का नहीं था। जब मैं 2007 में मुंबई वापस आया, तब कोई नहीं जानता था कि मैं कौन हूं।”
उन्होंने यह भी कहा कि लोगों को अक्सर लगता है कि स्टारकिड्स को इंडस्ट्री में आसानी से मौके मिल जाते हैं, लेकिन उनके साथ ऐसा नहीं हुआ। उन्हें अपनी पहचान बनाने के लिए लगातार संघर्ष करना पड़ा।
नमाशी के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर भी चर्चा तेज हो गई है। कई लोग इसे बॉलीवुड की वास्तविकता बता रहे हैं, जहां पहचान और नेटवर्किंग का बड़ा महत्व माना जाता है। वहीं कुछ लोग नमाशी की सादगी और ईमानदारी की सराहना कर रहे हैं।
गौरतलब है कि Mithun Chakraborty हिंदी सिनेमा के बड़े सितारों में गिने जाते हैं और उन्होंने अपने करियर में कई सुपरहिट फिल्में दी हैं। ऐसे में उनके बेटे का यह बयान फिल्म इंडस्ट्री के अंदरूनी संघर्षों को उजागर करता है।








